डीएम मयूर दीक्षित ने अधिकारियों को दिए पौधारोपण और स्वच्छता के निर्देश

हरिद्वार। जिलाधिकारी मयूर दीक्षित ने सोमवार को जिला कार्यालय सभागार में आयोजित समीक्षा बैठक में विभिन्न विभागों द्वारा संचालित जनकल्याणकारी योजनाओं की प्रगति की समीक्षा करते हुए अधिकारियों को समयबद्ध और प्रभावी क्रियान्वयन सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि सरकार की योजनाओं का लाभ पात्र लोगों तक पहुंचाने में किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी तथा अधिकारी नियमित स्थलीय निरीक्षण कर कार्यों की निगरानी करें।
बैठक में जिलाधिकारी ने “हरित हरिद्वार” अभियान को सफल बनाने के लिए सभी जिला स्तरीय अधिकारियों को अपने कार्यालयों और आसपास के क्षेत्रों में कम से कम 10-10 पौधे लगाने का लक्ष्य दिया। साथ ही इन पौधों की सुरक्षा और नियमित देखरेख सुनिश्चित करने के निर्देश भी दिए। उन्होंने अधिकारियों से अपने अधीनस्थ कर्मचारियों को भी कम से कम एक पौधा लगाने और उसकी देखभाल के लिए प्रेरित करने को कहा। डीएम ने कहा कि पर्यावरण संरक्षण केवल सरकारी जिम्मेदारी नहीं, बल्कि समाज के प्रत्येक व्यक्ति का दायित्व है और हरिद्वार को हराभरा बनाने के लिए सामूहिक प्रयास जरूरी हैं। जिलाधिकारी ने सरकारी भूमि पर अतिक्रमण को गंभीर विषय बताते हुए संबंधित विभागों को तत्काल कार्रवाई कर अवैध कब्जे हटाने के निर्देश दिए। उन्होंने स्पष्ट किया कि सरकारी भूमि की सुरक्षा में किसी प्रकार की लापरवाही पाए जाने पर जिम्मेदार अधिकारियों के विरुद्ध सख्त कार्रवाई की जाएगी।
मानसून की तैयारियों की समीक्षा करते हुए डीएम ने नगर निगम, नगर पालिकाओं, नगर पंचायतों, जिला पंचायत और विकास खंड स्तर के अधिकारियों को जनपद के सभी नालों और नालियों की प्राथमिकता के आधार पर सफाई कराने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि बरसात के दौरान जलभराव की समस्या से बचने के लिए समय रहते सफाई कार्य पूर्ण किए जाएं।
बैठक में मुख्य विकास अधिकारी डॉ. ललित नारायण मिश्र, अपर जिलाधिकारी जितेंद्र कुमार सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे। जिलाधिकारी ने सभी विभागों को समन्वय के साथ कार्य करते हुए जनहित से जुड़े कार्यों को प्राथमिकता देने के निर्देश दिए।