डीएम ने नारी निकेतन, बाल सुधार गृह एवं किशोरी गृह का किया निरीक्षण

देहरादून। जिलाधिकारी डॉ. आशीष चौहान ने केदारपुरम स्थित नारी निकेतन, बाल सुधार गृह एवं किशोरी गृह का स्थलीय निरीक्षण कर व्यवस्थाओं का जायजा लिया। उन्होंने सुरक्षा, स्वास्थ्य, शिक्षा, स्वच्छता और पुनर्वास से जुड़ी व्यवस्थाओं की विस्तृत समीक्षा की तथा संबंधित अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए।
निरीक्षण के दौरान जिलाधिकारी ने बाल सुधार गृह में रह रहे बच्चों से संवाद कर उनकी दिनचर्या, शिक्षा और स्वास्थ्य संबंधी जानकारी ली। उन्होंने जिला प्रोबेशन अधिकारी को निर्देश दिए कि बालकों के लिए बेसिक लर्निंग प्रोग्राम संचालित किया जाए, ताकि उनकी शैक्षिक एवं बौद्धिक क्षमता का विकास हो सके। साथ ही सभी बच्चों का विस्तृत प्रोफाइल तैयार करने के भी निर्देश दिए।
जिलाधिकारी ने कहा कि संस्थानों में रहने वाले बच्चों की नियमित काउंसलिंग और स्वास्थ्य परीक्षण अनिवार्य रूप से किया जाए, जिससे उनके मानसिक और शारीरिक विकास को मजबूती मिल सके। उन्होंने पुनर्वास गतिविधियों को प्रभावी ढंग से संचालित करने पर विशेष जोर दिया।
नारी निकेतन और किशोरी गृह के निरीक्षण के दौरान जिलाधिकारी ने सुरक्षा व्यवस्थाओं को और मजबूत करने के निर्देश दिए। उन्होंने संवासिनियों और किशोरियों का नियमित स्वास्थ्य परीक्षण सुनिश्चित करने तथा उनकी समस्याओं का संवेदनशीलता के साथ समाधान करने को कहा।
इसके साथ ही उन्होंने परिसर में स्वच्छता व्यवस्था का भी निरीक्षण किया और स्वच्छ एवं सुरक्षित वातावरण बनाए रखने पर बल दिया। उन्होंने स्पष्ट किया कि इन संस्थानों में रह रहे बच्चों और महिलाओं को बेहतर जीवन-परिस्थितियां उपलब्ध कराना प्रशासन की सर्वाेच्च प्राथमिकता है और इसमें किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
वर्तमान में नारी निकेतन में 160 संवासिनियां, बाल सुधार गृह में 7 किशोर तथा किशोरी संप्रेक्षण गृह में 12 किशोरियां निवासरत हैं। निरीक्षण के दौरान कई वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित रहे।