युवा पीढ़ी को जड़ों, संस्कृति और सनातन परंपराओं से जोड़ना समय की सबसे बड़ी आवश्यकता

हरिद्वार। अखिल भारतीय अखाड़ा परिषद एवं मनसा देवी मंदिर ट्रस्ट के अध्यक्ष श्रीमहंत रविंद्रपुरी महाराज के संयोजन में चरण पादुका मंदिर स्थित कांवड़ सेवा शिविर सनातन एकता, धर्म रक्षा और सामाजिक जागरण के संकल्प का साक्षी बना। श्री अखंड परशुराम अखाड़े ने सनातन समाज को एकजुट करने और सामाजिक कुरीतियों के खिलाफ संघर्ष मजबूत करने का संकल्प लिया।
श्रीमहंत रविंद्रपुरी महाराज ने अखाड़े के सदस्यों को रुद्राक्ष की माला पहनाकर एवं श्री स्कंद सुधा पुस्तक भेंट कर आशीर्वाद दिया। उन्होंने कहा कि युवा पीढ़ी को अपनी जड़ों, संस्कृति और सनातन परंपराओं से जोड़ना समय की सबसे बड़ी आवश्यकता है। अखाड़े द्वारा बच्चों और युवाओं को निःशुल्क शस्त्र एवं शास्त्र शिक्षा देकर संस्कार, अनुशासन और आत्मविश्वास से जोड़ने का कार्य सराहनीय है। उन्होंने कहा कि शास्त्र ज्ञान देता है, जबकि शस्त्र अन्याय के सामने खड़े होने का साहस प्रदान करता है। अखाड़े के अध्यक्ष पंडित अधीर कौशिक ने कहा कि धर्म, समाज और राष्ट्रहित में अखाड़े का प्रत्येक कार्यकर्ता श्रीमहंत रविंद्रपुरी महाराज के निर्देशानुसार अपनी भूमिका निभाएगा। उन्होंने सामाजिक बुराइयों के खिलाफ संघर्ष जारी रखने का संकल्प दोहराया। इस अवसर पर अनेक संत, पदाधिकारी एवं सदस्य मौजूद रहे।