आसन वेटलैंड पर मंडराता खतरा: ढालीपुर में अवैध खनन और आरबीएम भंडारण से बढ़ी चिंता

आसन वेटलैंड पर मंडराता खतरा: ढालीपुर में अवैध खनन और आरबीएम भंडारण से बढ़ी चिंता
 
 
 
 
उत्तराखंड प्रहरी ब्यूरो / गजमफर अली,
विकासनगर/ढालीपुर। उत्तराखंड सरकार भले ही अवैध खनन पर “जीरो टॉलरेंस” की नीति का दावा करती हो, लेकिन विकासनगर के ढालीपुर क्षेत्र में जमीनी हकीकत कुछ और ही तस्वीर बयां कर रही है। यहां यमुना नदी किनारे बड़े पैमाने पर अवैध खनन और आरबीएम (रेत-बजरी-पत्थर) के भंडारण का मामला सामने आया है, जिससे अंतरराष्ट्रीय महत्व के आसन वेटलैंड के अस्तित्व पर भी खतरा मंडराने लगा है।

स्थानीय लोगों का आरोप है कि नियमों को ताक पर रखकर नदी के बिल्कुल समीप विशालकाय आरबीएम डंपिंग की जा रही है। खनन सामग्री के इस बड़े भंडारण को लेकर न तो खनन विभाग की ओर से कोई स्पष्ट जानकारी दी जा रही है और न ही प्रशासन की ओर से कोई प्रभावी कार्रवाई दिखाई दे रही है। क्षेत्रवासियों का कहना है कि भारी मशीनों और ओवरलोड वाहनों की लगातार आवाजाही से पर्यावरण और जनजीवन दोनों प्रभावित हो रहे हैं।
ढालीपुर क्षेत्र में स्थित सरकारी स्कूलों, रिहायशी इलाकों और धार्मिक स्थलों के आसपास उड़ती धूल और शोर-शराबे से लोगों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। ग्रामीणों का कहना है कि बच्चों के स्वास्थ्य पर भी इसका प्रतिकूल असर पड़ रहा है। सबसे गंभीर चिंता का विषय यह है कि यह पूरा अवैध कारोबार आसन कर्न्जवेशन रेंज के समीप संचालित हो रहा है। यह क्षेत्र उत्तराखंड की पहली रामसर साइट के रूप में अंतरराष्ट्रीय स्तर पर पहचान रखता है। हर वर्ष साइबेरिया, मध्य एशिया और चीन समेत कई देशों से हजारों प्रवासी पक्षी यहां पहुंचते हैं। पर्यावरण प्रेमियों का कहना है कि भारी मशीनों की आवाज, प्रदूषण और मानवीय हस्तक्षेप से इन दुर्लभ पक्षियों के प्राकृतिक आवास और प्रजनन क्षेत्र प्रभावित हो सकते हैं।

स्थानीय नागरिकों ने प्रशासन, प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड और खनन विभाग की कार्यप्रणाली पर सवाल उठाते हुए आरोप लगाया कि खुलेआम चल रहे इस अवैध कारोबार पर कार्रवाई न होना कई संदेह पैदा करता है। लोगों ने चेतावनी दी है कि यदि जल्द प्रभावी कार्रवाई नहीं हुई तो क्षेत्रवासी और पर्यावरण प्रेमी आंदोलन के लिए मजबूर होंगे। वहीं, मामले में प्रतिक्रिया लेने के लिए जिला खान अधिकारी ऐश्वर्या साह से संपर्क करने का प्रयास किया गया, लेकिन उनसे संपर्क नहीं हो सका।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *