राष्ट्रीय मत्स्य पालक दिवस पर प्रगतिशील मत्स्य पालक हुए सम्मानित

हरिद्वार। राष्ट्रीय मत्स्य पालक दिवस के अवसर पर मत्स्य विभाग हरिद्वार की ओर से विकास भवन सभागार में विशेष कार्यक्रम आयोजित किया गया। कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में मुख्य विकास अधिकारी उपस्थित रहे। इस अवसर पर मुख्य कृषि अधिकारी, मुख्य पशु चिकित्साधिकारी एवं नोडल अधिकारी स्वजल सहित विभिन्न अधिकारी मौजूद रहे।
कार्यक्रम में जनपद के सभी विकासखंडों से आए मत्स्य पालकों ने प्रतिभाग किया। मत्स्य पालकों ने अपने अनुभव साझा करते हुए उत्पादन बढ़ाने, विपणन व्यवस्था और आधुनिक तकनीकों के उपयोग पर चर्चा की। सहायक निदेशक मत्स्य ने राष्ट्रीय मत्स्य पालक दिवस के महत्व पर प्रकाश डालते हुए कहा कि इसका उद्देश्य वैज्ञानिक मत्स्य पालन को बढ़ावा देना और मत्स्य पालकों को नवीन तकनीकों एवं विभागीय योजनाओं से जोड़ना है।
मुख्य विकास अधिकारी ने कहा कि 9 जुलाई को हुई अतिवृष्टि एवं भारी वर्षा से जिन मत्स्य पालकों को स्टॉक का नुकसान हुआ है, वे अपनी क्षति का विवरण मत्स्य विभाग को उपलब्ध कराएं, ताकि आवश्यक कार्रवाई की जा सके। उन्होंने वैज्ञानिक एवं सुरक्षित मत्स्य पालन अपनाने की अपील की। उन्होंने ऑर्नामेंटल मत्स्य पालन योजना की सराहना करते हुए इसे किसानों की आय बढ़ाने का प्रभावी माध्यम बताया। इस अवसर पर विकास भवन परिसर में वृक्षारोपण भी किया गया। कार्यक्रम में उत्कृष्ट कार्य करने वाले प्रगतिशील मत्स्य कृषकों को प्रशस्ति-पत्र देकर सम्मानित किया गया।